रोहित विश्वकर्मा, जबलपुर। रक्षाबंधन से पहले बसों में यात्रियों की बढ़ती मांग का असर किराए पर दिखाई देने लगा है। जबलपुर से भोपाल, इंदौर और पुणे समेत कई रूट पर अंतिम समय में टिकट बुक करने वाले यात्रियों को सामान्य दिनों की तुलना में काफी अधिक किराया चुकाना पड़ रहा है। कुछ रूट पर किराया करीब दोगुना तक पहुंच गया है।
रक्षाबंधन पर घर जाने वाले यात्रियों के लिए इस बार बस से सफर महंगा पड़ सकता है। जिन यात्रियों ने पहले से टिकट बुक कर लिए हैं, उन्हें अपेक्षाकृत कम किराए में सफर का मौका मिल रहा है। वहीं, अंतिम समय में टिकट लेने वालों के सामने बढ़ा हुआ किराया चुकाने की स्थिति है।
पुणे रूट पर दोगुने तक किराए का अंतर
आम दिनों में जिन बसों का किराया करीब 1300 से 1500 रुपए रहता है, उनके लिए 27 अगस्त की बुकिंग में अलग-अलग ऑनलाइन टिकट बुकिंग वेबसाइटों पर 2600 से 3000 रुपए तक किराया दिखाई दे रहा है। यानी सामान्य दिनों की तुलना में किराए में करीब दोगुने तक का अंतर देखने को मिल रहा है। पुणे से इंदौर आने वाले यात्रियों के लिए भी इसी तरह किराए में बढ़ोतरी बताई गई है।
इंदौर-भोपाल रूट पर भी बढ़े दाम
जबलपुर से इंदौर और भोपाल सहित अन्य प्रमुख रूट पर भी त्योहार के कारण बस किराए में बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। चार्टर्ड बस सेवा में सामान्य दिनों में इंदौर और भोपाल का किराया करीब 400 से 700 रुपए रहता है, जबकि 27 अगस्त की बुकिंग में यह करीब 900 से 2000 रुपए तक पहुंच गया है।
इस बढ़ोतरी से त्योहार पर घर जाने वाले यात्रियों के बजट पर अतिरिक्त भार पड़ रहा है। यात्रियों का कहना है कि त्योहार के समय मांग बढ़ने के साथ किराए में इतनी बड़ी बढ़ोतरी परेशानी बढ़ा रही है। आरटीओ सूत्रों के अनुसार, ऑल इंडिया रूट पर चलने वाली बसों का किराया निर्धारित नहीं होता, जबकि प्रदेश के भीतर चलने वाली स्टेट कैरिज बसों का किराया निर्धारित रहता है। यदि कोई बस संचालक निर्धारित किराए से अधिक राशि वसूलता है तो उसके खिलाफ जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।




