जबलपुर के कटंगी बायपास स्थित युनिटी लॉजिस्टिक पार्क में सोमवार रात करीब 10:30 बजे लगी भीषण आग ने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया। करीब ढाई एकड़ में फैले इस वेयरहाउस में लगी आग मंगलवार सुबह तक धधकती रही। इस अग्निकांड में रिलायंस, डेलिवरी और ब्रिटानिया के गोदामों में रखा लाखों-करोड़ों रुपये का सामान पूरी तरह जलकर खाक हो गया। आग की लपटें इतनी ऊंची थीं कि तीन किलोमीटर दूर से भी साफ दिखाई दे रही थीं, जबकि घने धुएं ने पूरे आसमान को काला कर दिया। सूचना मिलते ही जबलपुर नगर निगम के दमकल विभाग ने तुरंत कार्रवाई करते हुए करीब एक दर्जन फायर ब्रिगेड वाहनों को मौके पर भेजा। घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर आंशिक काबू पाया जा सका।
गोदामों में रखा चावल, गेहूं, दाल, खाद्य तेल और अन्य किराना सामग्री पूरी तरह नष्ट हो गई। राहत की बात यह रही कि आग पास के टायर और पेंट गोदामों तक नहीं पहुंची, वरना नुकसान और भी ज्यादा हो सकता था।
घटना के समय वेयरहाउस में नाइट शिफ्ट के चलते लगभग 150 कर्मचारी मौजूद थे। अब तक 46 कर्मचारियों की पहचान की पुष्टि हो चुकी है, जबकि अन्य कर्मचारियों के डेटा का मिलान किया जा रहा है। एहतियात के तौर पर SDRF की टीम द्वारा सर्च ऑपरेशन चलाया जाएगा, ताकि किसी के फंसे होने की आशंका पूरी तरह खत्म की जा सके।
महापौर जगत बहादुर सिंह अन्नू भी मौके पर पहुंचे और उन्होंने बताया कि आग का स्वरूप बेहद गंभीर था, लेकिन दमकल कर्मियों की सतर्कता से इसे अन्य गोदामों तक फैलने से रोका जा सका। आग बुझाने के लिए आसपास के सुरक्षा संस्थानों से भी फायर फाइटर वाहन बुलाए गए थे।
फायर विभाग के अनुसार, आग लगने की सूचना एशियन पेंट्स के वेयरहाउस सुपरवाइजर ने दी थी। प्रारंभिक जांच में आग का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। गोदाम में मौजूद ज्वलनशील सामग्री, खासकर खाद्य तेल के कारण आग ने तेजी से विकराल रूप ले लिया और शेड का बड़ा हिस्सा भी ढह गया।
अधिकारियों के मुताबिक, इस हादसे में कुल नुकसान का आंकड़ा करोड़ों रुपये तक पहुंच सकता है। फिलहाल आग के सटीक कारणों की जांच जारी है।
👉 यह घटना औद्योगिक क्षेत्रों में सुरक्षा मानकों और अग्नि सुरक्षा उपायों की आवश्यकता को एक बार फिर उजागर करती है।




